बस दो मिनट: मैं और मेरी मैग्गी..












मैग्गी...मैग्गी...मैग्गी,
बस दो मिनट में मैग्गी,
बचपन से यही सुनते आये,
खाते और खिलाते आये !

दोस्तों संग पार्टी में,
कॉलेज की कैंटीन में,
घर में, या ऑफिस में,
मैग्गी ही तो खाते आये !

अब टीवी पर सुनसुनकर,
हैरान हूँ, परेशान हूँ,
मैग्गी पर बैन लग सकता है,
ये जानकर निराश हूँ !

इतने सालों से मैग्गी से,
एक अजीब सा नाता है,
पर टूटेगा ये रिश्ता अब,
ख्याल ये मन में आता है !

दो मिनट की मैग्गी अब,
हेल्दी नहीं अनहेल्दी है,
यही सोचकर आखिरी पैकेट को,
गुड-बाई मैंने केहदी है !

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